संवाददाता बालाराम कोलते
भिलाई। वैशाली नगर में पेड़ों की अवैध कटाई का सनसनीखेज मामला—संदिग्ध फरार, कब्जा माफियाओं का बड़ा खेल उजागर! वैशाली नगर विधानसभा क्षेत्र में स्थित कचरा भट्टी के सामने से अज्ञात लोगों द्वारा पेड़ों की खुली कटाई का मामला सामने आया है। यह पूरी कार्रवाई बिना वन विभाग और नगर निगम की अनुमति के की जा रही थी, जिसे देखकर स्थानीय लोग दंग रह गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार जैसे ही पेड़ों को काट रहे संदिग्धों से पूछताछ की गई, वे अपना सामान छोड़कर मौके से फरार हो गए। भागने वालों में कुछ लोग कबाड़ी का काम करने वाले बताए जा रहे हैं, जबकि कुछ संदिग्ध दक्षिण भारतीय (South side) के बताए जा रहे हैं। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इन संदिग्धों द्वारा लगातार सरकारी जमीन पर अवैध कब्जों की तैयारी, और उससे पहले वन क्षेत्र की सफाई के नाम पर पेड़ काटने का काम रैकेट की तरह चलाया जा रहा था।

स्थानीय लोगों का दावा है कि यह कोई छोटा मामला नहीं, बल्किअवैध वनों की कटाई और कब्जा माफियाओं का संगठित नेटवर्क है, जो धीरे–धीरे सरकारी ज़मीन पर कब्जा जमाने की कोशिश कर रहा है। मौके पर काटे गए पेड़ों के ठूंठ साफ दिख रहे हैं, जो यह साबित करते हैं कि यह काम कई दिनों से चल रहा था। लोगों का कहना है कि इस पूरे प्रकरण से न सिर्फ पर्यावरण को नुकसान पहुँच रहा है, बल्कि सरकारी जमीन पर कब्जे का बड़ा खतरा मंडरा रहा है।स्थानीय ग्रामीणों और जागरूक नागरिकों ने प्रशासन से तत्कालजांच, कार्रवाई और इन संदिग्धों की पहचान कर कठोर दंडात्मक कदम उठाने की मांग की है। साथ ही वन विभाग और नगर निगम की टीम को जल्द से जल्दघटनास्थल पहुंचकर नुकसान का आकलन करने की आवश्यकता है।यह मामला अब पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया है—क्या यह सिर्फ लकड़ी चोरी का मामला है, या इसके पीछे चल रहा है कोई बड़ा कब्जा माफिया? इसका खुलासा अब प्रशासन की जांच के बाद ही होगा।



