महासमुंद (छत्तीसगढ़), 22 जनवरी 2026: जैसे मोबाइल रिचार्ज खत्म होने पर इनकमिंग बंद हो जाती है, वैसे ही अब बिजली बिल समय पर जमा न करने पर कनेक्शन अस्थायी रूप से काटा जा रहा है। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (CSPDCL) ने राजस्व वसूली को तेज करने के लिए महासमुंद संभाग में सख्त अभियान चलाया है।
छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड ने बकाया बिजली बिलों की वसूली के लिए सख्त रुख अपनाया है। महासमुंद संभाग के चार विद्युत वितरण केंद्रों में तीन दिनों (20 से 22 जनवरी) तक चले विशेष अभियान में कुल 275 उपभोक्ताओं की बिजली आपूर्ति अस्थायी रूप से बंद की गई।
अधीक्षण अभियंता वाय.के. मनहर के निर्देशन में कार्यपालन अभियंता पी.आर. वर्मा के नेतृत्व वाली टीम ने यह कार्रवाई की। अभियान के दौरान कुल बकाया राशि 60 लाख 98 हजार 887 रुपये थी, जिसमें से लाइन कटने के बाद 85 उपभोक्ताओं ने 8 लाख 98 हजार 486 रुपये का भुगतान किया।
गौरतलब है कि महासमुंद ग्रामीण वितरण केंद्र में 112 उपभोक्ताओं का बकाया 29 लाख 89 हजार 456 रुपये था। इनमें कृष्ण कुमार भोई (बोरियाझर), तेज प्रकाश चंद्राकर (साराडीह), जीवराखन साहू, भगतराम, सोनू राम ठाकुर (शेरगांव), बालाजी स्टोन (चिंगरोद), साधु राम गोंड, महेश कुमार साहू (लाफिन खुर्द), चोप सिंह राजपूत, तिजिय बाई निषाद (बारोंडा बाजार) सहित कई नाम शामिल थे। कार्रवाई के बाद 21 उपभोक्ताओं ने 3 लाख 79 हजार 249 रुपये जमा किए।
बागबाहरा ग्रामीण में 60 उपभोक्ताओं का बकाया 11 लाख 53 हजार 615 रुपये रहा, जिसमें से 24 ने 2 लाख 13 हजार 897 रुपये चुकाए। बागबाहरा शहर में 26 उपभोक्ताओं का बकाया 6 लाख 46 हजार 973 रुपये था, जिसमें भान सिंह ठाकुर (बिहाझर), तारेन चंद्राकर (घुचापाली), लोचन साहू (दाबपाली), मोहम्मद बसीर परमार, नेमीचंद बंजारे, खोमान लाल चंद्राकर जैसे नाम शामिल थे। यहां 16 उपभोक्ताओं ने 1 लाख 64 हजार 40 रुपये जमा किए।
मुनगाशेर वितरण केंद्र में 77 उपभोक्ताओं का बकाया 13 लाख 8 हजार 843 रुपये था। बाबूलाल, देवचरण, प्रेम नारायण नायक, चेतन सतनामी (चारभांठा), रजनी निषाद, मनीराम (देवरी), हेमंत साहू (कोल्दा) सहित कई बकायेदारों की लाइन कटी। बाद में 24 उपभोक्ताओं ने 1 लाख 41 हजार 300 रुपये का भुगतान किया।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि राजस्व वसूली का यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। यदि कोई उपभोक्ता अनधिकृत रूप से कटी हुई लाइन जोड़ता पाया गया, तो विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 138 के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे हर माह बिजली बिल समय पर जमा करें ताकि जुर्माना और बिजली कटौती जैसी असुविधा से बचा जा सके।


