महासमुंद। आज लोहरीन डोंगरी में सीमांकन कार्य उस समय बेकाबू हो गया जब तहसीलदार के आदेश पर पहुँची पटवारी और आर.आई. की टीम के सामने ही दो पक्ष आपस में भिड़ गए। देखते ही देखते विवाद ने हिंसक रूप ले लिया डंडे, पत्थर और गालियाँ हवा में गूंजने लगीं। सूत्रों के अनुसार, एक पक्ष ने सरकारी अमले पटवारी और आर.आई. पर भी हाथ उठा दिया! मौके पर मौजूद पुलिस बल ने हालात को काबू में करने की कोशिश तो की पर दबंगों के हौसले इतने बुलंद थे कि वर्दी भी बेबस नज़र आई।घटना के बाद पटवारी संघ के पदाधिकारी मौके पर पहुँचे और सांकरा थाना में विरोध दर्ज कराया। संघ पदाधिकारियों ने कहा यदि सरकारी कर्मचारियों पर हमला हुआ है, तो यह सिर्फ़ व्यक्ति पर नहीं बल्कि शासन के अधिकार पर हमला है।”
इधर पीड़ित पक्ष अब न्याय और सख्त कार्रवाई की मांग पर अड़ा हुआ है, जबकि पुलिसिया कार्रवाई की धीमी रफ्तार पर सवाल उठ रहे हैं।ग्रामीणों में अब भी दहशत का माहौल है, लोग पूछ रहे हैं जब पुलिस और प्रशासन मौजूद थे, तब भी अगर दबंगई हो सकती है, तो आम आदमी की सुरक्षा कौन करेगा?”


