वर्ष 2015-16 में समग्र शिक्षा सरायपाली कार्यालय में करोड़ों की गड़बड़ी के आरोप
सरायपाली/ महासमुंद। विकासखण्ड स्त्रोत केन्द्र, समग्र शिक्षा सरायपाली में वर्ष 2015-16 के दौरान हुई वित्तीय अनियमितताओं के मामले में जांच शुरू हो गई है। यह जांच उस समय के ब्लॉक रिसोर्स कोऑर्डिनेटर (BRC) ललित कुमार साहू के कार्यकाल से जुड़ी है।
आवेदक ने सूचना के अधिकार अधिनियम 2005 के तहत मांगी गई जानकारी के आधार पर गंभीर अनियमितताओं का खुलासा किया है। प्राप्त दस्तावेजों की जांच में कई खर्चों और व्यय मदों में गड़बड़ी सामने आई है। इसी आधार पर आवेदक ने 16 सितंबर 2025 को मुख्यमंत्री, राज्यपाल, शिक्षा मंत्री, लोकायुक्त, मुख्य सचिव और अन्य उच्च अधिकारियों को विस्तृत शिकायत भेजी थी।
शिकायत पर कार्रवाई करते हुए संभागीय संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग रायपुर ने आदेश क्रमांक सतर्कता/जांच/एफ-490 MSMD/2025/445 दिनांक 22 सितंबर 2025 जारी किया है, जिसके तहत जिला शिक्षा अधिकारी महासमुंद को जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अनुपालन में जिला शिक्षा अधिकारी महासमुंद ने 26 सितंबर 2025 को आदेश जारी कर सी.एल. पुहुप (प्राचार्य केजुआ), देवनारायण दीवान (सहायक बीईओ सरायपाली) और रोहित मुन्ना (सहायक ग्रेड-02, समग्र शिक्षा सरायपाली) को तीन सदस्यीय जांच दल के रूप में नियुक्त किया है।
वहीं आयुक्त रायपुर संभाग ने भी 24 सितंबर 2025 को कलेक्टर महासमुंद को पत्र लिखकर मामले की गंभीर जांच कर नियमानुसार कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। अब देखना यह होगा कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और क्या कार्रवाई पूर्व बीआरसीसी ललित कुमार साहू के खिलाफ की जाती है।


