महासमुंद। करणी कृपा पावर प्राइवेट लिमिटेड एवं अवैध नूतन आयरन एंड पावर प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ पौने चार वर्षों से जारी आंदोलन को आज एक महत्वपूर्ण कानूनी सफलता मिली। छत्तीसगढ़ महतारी की जप्त प्रतिमा को लेकर छत्तीसगढ़ महतारी न्यायालय ने बड़ा आदेश देते हुए प्रतिमा को छत्तीसगढ़ किसान मोर्चा के अध्यक्ष अनिल दुबे के सुपुर्द करने के निर्देश दिए।
न्यायालय परिसर महासमुंद में आदेश के बाद सत्याग्रही किसानों और आंदोलनकारियों ने “छत्तीसगढ़ महतारी की जय” के नारे लगाए। किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अनिल दुबे ने बताया कि तुमगांव थाना में जप्त छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा न्यायालय के आदेशानुसार विधिवत प्राप्त की जाएगी।
उन्होंने जानकारी दी कि शुभ मुहूर्त 26 दिसंबर 2025 को तुमगांव थाना से छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा को सत्याग्रही किसानों, नागरिकों एवं महिलाओं की उपस्थिति में लिया जाएगा। यह आदेश अवैध औद्योगिक गतिविधियों के विरुद्ध लंबे समय से चल रहे जनआंदोलन के लिए एक ऐतिहासिक और नैतिक जीत मानी जा रही है।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से अनिल दुबे, छन्नूलाल साहू, बृजबिहारी साहू, विमल ताम्रकार, अशोक कश्यप, नाथूराम सिन्हा, लीलाधर पटेल, अवधराम साहू, दौलत ध्रुव, उदय चंद्राकर, अमजद खान, बिसौहा यादव, पुनीतराम सिन्हा, कुलेश्वर यादव, कुमार बरिहा, देवनारायण साहू, श्रीमती राधाबाई सिन्हा एवं श्याम बाई ध्रुव सहित बड़ी संख्या में किसान एवं आंदोलनकारी उपस्थित रहे। न्यायालय के इस आदेश को छत्तीसगढ़ की अस्मिता, राज्य आंदोलन और किसान संघर्ष की जीत के रूप में देखा जा रहा है।



